20 जनवरी 2026 को दक्षिण कोरिया की वित्तीय सेवा आयोग ने क्रेडिट रेटिंग सिस्टम के सुधार के लिए टास्क फोर्स की पहली बैठक आयोजित की। इसका उद्देश्य मौजूदा सिस्टम की गहन समीक्षा करना, समस्याओं की पहचान करना और उत्पादकता, समावेशन व विश्वास को बढ़ाने के लिए व्यापक सुधार प्रस्तावित करना है। इस टास्क फोर्स में क्रेडिट, डेटा, कानून और उपभोक्ता विशेषज्ञों के साथ प्रमुख वित्तीय संस्थानों के प्रतिनिधि शामिल हैं।
चर्चा के मुख्य बिंदुओं में व्यक्तिगत क्रेडिट रेटिंग में सुधार, छोटे व्यवसायों के लिए मॉडल का उन्नयन, वैकल्पिक रेटिंग मॉडल को बढ़ावा देना और मूल्यांकन में AI का एकीकरण शामिल है। कोरिया क्रेडिट ब्यूरो, NICE और बैंक संघ जैसी संस्थाएं सक्रिय रूप से भाग ले रही हैं। वर्तमान में 28.6% उपभोक्ताओं को 950 से अधिक का स्कोर मिलता है, जिससे मूल्यांकन मानदंडों की विश्वसनीयता पर सवाल उठते हैं।
विशेषज्ञों ने युवाओं, वरिष्ठ नागरिकों और गृहिणियों जैसे समूहों के लिए क्रेडिट एक्सेस बढ़ाने की आवश्यकता पर बल दिया, जिनका औसत स्कोर 710 है। उन्होंने उपयोगिता बिल भुगतान जैसी गैर-वित्तीय जानकारी को जोड़ने और इन डेटा के उपयोग के लिए सहमति प्रक्रिया को सरल बनाने की सिफारिश की। वैकल्पिक डेटा प्रबंधन के लिए इन्फ्रास्ट्रक्चर की कमी और वित्तीय संस्थानों के लिए प्रोत्साहनों की अनुपस्थिति नए मॉडल को अपनाने में बाधा है।
आगे चलकर आयोग टास्क फोर्स के कार्य में तेजी लाएगा और प्रत्येक क्षेत्र के लिए सुधार योजनाओं की क्रमिक घोषणा करेगा। लक्ष्य एकीकृत डेटा बेस बनाना, AI के माध्यम से अधिक सटीक और पारदर्शी मूल्यांकन करना और छोटे व्यवसायों के लिए उद्योग-विशिष्ट मॉडल विकसित करना है। यह सुधार वंचित वर्गों के लिए क्रेडिट एक्सेस आसान बनाएगा और कोरियाई वित्तीय प्रणाली को मजबूत करेगा।
दक्षिण कोरिया में क्रेडिट रेटिंग सिस्टम का यह सुधार वित्तीय समावेशन और तकनीकी नवाचार की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। AI और वैकल्पिक डेटा के एकीकरण से क्रेडिट योग्यता का मूल्यांकन अधिक सटीक और निष्पक्ष होगा, जिससे क्रेडिट तक पहुंच की बाधाएं कम होंगी। यह मॉडल अन्य देशों के लिए भी वित्तीय बुनियादी ढांचे के आधुनिकीकरण और आर्थिक समावेशन को बढ़ावा देने का उदाहरण बन सकता है।