दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ली जे-म्युंग ने आज दोपहर चिओंग वा डे में नौ राजनीतिक दलों के नेताओं को विशेष भोज के लिए आमंत्रित किया। नववर्ष के अवसर पर आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य देश के प्रमुख मुद्दों पर विभिन्न नेताओं की राय सुनना था। इसमें डेमोक्रेटिक पार्टी, इनोवेशन पार्टी, प्रोग्रेसिव पार्टी, रिफॉर्म पार्टी, बेसिक इनकम पार्टी और सोशल डेमोक्रेटिक पार्टी के प्रतिनिधि शामिल हुए। हालांकि, पीपुल्स पावर पार्टी और रिफॉर्म पार्टी के कुछ नेता विभिन्न कारणों से उपस्थित नहीं हो सके।
प्रतिभागियों में डेमोक्रेटिक पार्टी के जियोंग चेओंग-राए और हान ब्योंग-डो, इनोवेशन पार्टी के चो कुक और सियो वांग-जिन, प्रोग्रेसिव पार्टी के किम जे-योन और यून जोंग-ओ, रिफॉर्म पार्टी के चन हा-राम, बेसिक इनकम पार्टी के योंग हे-इन और सोशल डेमोक्रेटिक पार्टी के हान चांग-मिन शामिल थे। अनुपस्थित नेताओं में पीपुल्स पावर पार्टी के जांग डोंग-ह्युक और सोंग उन-सोक, और रिफॉर्म पार्टी के ली जून-सोक (विदेश दौरे पर) शामिल थे।
राष्ट्रपति ली ने विदेश नीति में राष्ट्रीय एकता की आवश्यकता पर बल दिया और राष्ट्रीय हितों की रक्षा के लिए द्विदलीय सहयोग का आह्वान किया। उन्होंने राजधानी क्षेत्र में केंद्रीकरण को समाप्त करने के लिए क्षेत्रीय एकीकरण की भी अपील की। विभिन्न दलों के नेताओं ने चुनाव प्रणाली में सुधार, अभियोजन सुधार को पूरा करने, बेसिक सोसाइटी कमेटी की शीघ्र स्थापना और बढ़ती सामाजिक असमानता को दूर करने जैसे मुद्दे उठाए।
बैठक में Coupang, Homeplus और GM Korea जैसी कंपनियों से जुड़े आर्थिक मुद्दों पर भी चर्चा हुई और द्विदलीय सहयोग की आवश्यकता पर सहमति बनी। इसके अलावा, राष्ट्रपति ली की पहली आधिकारिक संवाददाता सम्मेलन 21 जनवरी 2026 को चिओंग वा डे में आयोजित होगी, जिसमें 160 देशी-विदेशी पत्रकार भाग लेंगे। ‘साझा परिवर्तन, सबका बड़ा उन्नयन’ थीम के साथ यह कार्यक्रम जनता से सीधी बातचीत और युवा यूट्यूबर्स की भागीदारी को बढ़ावा देगा।
यह बैठक राष्ट्रपति ली की समावेशी शासन और दलों के बीच संवाद को मजबूत करने की प्रतिबद्धता को दर्शाती है, जो बढ़ती आर्थिक और सामाजिक चुनौतियों के बीच अत्यंत आवश्यक है। द्विदलीय सहयोग और पारदर्शी संवाद पर जोर, विशेष रूप से आगामी संवाददाता सम्मेलन के माध्यम से, सार्वजनिक विश्वास और राजनीतिक स्थिरता को बढ़ाने की रणनीति को दर्शाता है। युवा कंटेंट क्रिएटर्स की भागीदारी से संवाद के आधुनिक और सहभागी स्वरूप को भी बल मिलता है।